अध्याय 8: बीजीय व्यंजक – Junior School Online
📐 Mathematics – Class 7 – Chapter 8

📊 बीजीय व्यंजक (Algebraic Expressions)

जानें कि बीजीय व्यंजक क्या हैं, एकपदीय व्यंजकों का गुणा, बहुपदीय व्यंजकों का गुणा, सर्वसमिकाएँ (Identities) – (a+b)², (a–b)², (a+b)(a–b) तथा उनके अनुप्रयोग।

📖 अध्याय सामग्री (Chapter Content)

1 📖 बीजीय व्यंजक – परिचय (Introduction)

बीजीय व्यंजक (Algebraic Expression) – चर (Variables), अचर (Constants) और संक्रियाओं (+, –, ×, ÷) का संयोजन।

  • उदाहरण: 2x, x + 5, y – 3, –3x + 4, 6y – 12
  • चर (Variable): x, y, z – जिनके मान बदल सकते हैं।
  • अचर (Constant): 2, 5, –3, 4 – जिनके मान स्थिर होते हैं।
  • पद (Term): व्यंजक का प्रत्येक भाग – जैसे 2x में 2x एक पद है।

📖 बीजीय व्यंजक: चर + अचर + संक्रियाएँ – जैसे 2x, x+5, y–3

✅ मुख्य बिंदु

बीजगणित में व्यंजकों (Expressions) को केन्द्रीय अवधारणा माना जाता है।

2 🔢 एकपदीय व्यंजकों का गुणा (Monomial × Monomial)

(i) संख्या का गुणा

उदाहरण: 5 किग्रा आम x रुपये प्रति किग्रा – मूल्य = 5 × x = 5x

(ii) समान आधार वाले घातांकीय व्यंजकों का गुणा

xm × xn = xm+n

उदाहरण: x² × x³ = x2+3 = x5

y³ × y² × y = y3+2+1 = y6

(iii) विविध चर वाले एकपदीय व्यंजकों का गुणा

उदाहरण: 5x × 4y = 5 × 4 × x × y = 20xy

7x × 3y × 2z = 7 × 3 × 2 × x × y × z = 42xyz

4x² × (−2y) × (−3x) = 24x³y

🔑 नियम: गुणनफल का संख्यात्मक गुणांक = गुणांकों का गुणनफल, चर भाग = चरों का गुणनफल

3 📐 एकपदीय × बहुपदीय (Monomial × Polynomial)

वितरण नियम (Distributive Law): एकपदीय व्यंजक को बहुपदीय व्यंजक के प्रत्येक पद से गुणा करते हैं।

a(x + y) = ax + ay

उदाहरण 1: 5 × (x + 4) = 5x + 20

उदाहरण 2: 8 × (3x + 2y) = 24x + 16y

उदाहरण 3: 2x × (4x – 3y) = 8x² – 6xy

उदाहरण 4: 3x × (5x² – 4y) = 15x³ – 12xy

📐 विधि: एकपदीय × बहुपदीय – एकपदीय को बहुपदीय के प्रत्येक पद से गुणा करें।

4 📊 बहुपदीय × बहुपदीय (Polynomial × Polynomial)

विधि: प्रथम बहुपदीय के प्रत्येक पद को द्वितीय बहुपदीय के प्रत्येक पद से गुणा करें।

(a + b)(c + d) = ac + ad + bc + bd

उदाहरण 1: (2x + 3y) × (3x – 4y)

= 2x(3x – 4y) + 3y(3x – 4y)

= 6x² – 8xy + 9xy – 12y²

= 6x² + xy – 12y²

उदाहरण 2: (2x² + y²) × (3x – 5y²)

= 2x²(3x – 5y²) + y²(3x – 5y²)

= 6x³ – 10x²y² + 3xy² – 5y⁴

📊 बहुपदीय × बहुपदीय: प्रत्येक पद × प्रत्येक पद – फिर समान पदों को जोड़ें।

5 🔑 सर्वसमिकाएँ (Identities)

समीकरण (Equation) vs सर्वसमिका (Identity)

  • समीकरण: चर के कुछ निश्चित मानों के लिए सत्य – जैसे 2x = x + 3 (x = 3 के लिए सत्य)
  • सर्वसमिका: चर के प्रत्येक मान के लिए सत्य – जैसे x(x+1) = x² + x
सर्वसमिका 1
(a + b)² = a² + 2ab + b²
(दो पदों के योग का वर्ग)
सर्वसमिका 2
(a – b)² = a² – 2ab + b²
(दो पदों के अन्तर का वर्ग)
सर्वसमिका 3
(a + b)(a – b) = a² – b²
(दो पदों के योग तथा अन्तर का गुणनफल)
सर्वसमिका 4 (विस्तारित)
(x + a)(x + b) = x² + x(a + b) + ab

🔑 सर्वसमिकाएँ: (a+b)², (a–b)², (a+b)(a–b) – चर के सभी मानों के लिए सत्य।

6 💡 सर्वसमिकाओं के अनुप्रयोग (Applications)

सर्वसमिकाओं का उपयोग – बड़ी संख्याओं का गुणनफल आसानी से ज्ञात करना।

उदाहरण 1: 101² = (100 + 1)²

= 100² + 2×100×1 + 1² = 10000 + 200 + 1 = 10201

उदाहरण 2: 99² = (100 – 1)²

= 100² – 2×100×1 + 1² = 10000 – 200 + 1 = 9801

उदाहरण 3: 303 × 297 = (300 + 3)(300 – 3)

= 300² – 3² = 90000 – 9 = 89991

💡 अनुप्रयोग: सर्वसमिकाएँ बड़ी संख्याओं के गुणनफल को सरल बनाती हैं।

7 📖 सारांश – हमने क्या सीखा
  • बीजीय व्यंजक: चर + अचर + संक्रियाएँ
  • एकपदीय × एकपदीय: गुणांक × गुणांक, चर × चर (घातांक जोड़ें)
  • एकपदीय × बहुपदीय: वितरण नियम – a(x+y) = ax + ay
  • बहुपदीय × बहुपदीय: प्रत्येक पद × प्रत्येक पद
  • सर्वसमिकाएँ:
    • (a+b)² = a² + 2ab + b²
    • (a–b)² = a² – 2ab + b²
    • (a+b)(a–b) = a² – b²
    • (x+a)(x+b) = x² + x(a+b) + ab
  • समीकरण vs सर्वसमिका: समीकरण – कुछ मानों के लिए सत्य; सर्वसमिका – सभी मानों के लिए सत्य

✅ मुख्य बिंदु

बीजीय व्यंजकों का गुणा – एकपदीय, बहुपदीय – तथा सर्वसमिकाएँ बीजगणित की आधारशिला हैं।
सर्वसमिकाएँ (a+b)², (a–b)², (a+b)(a–b) का उपयोग संख्याओं के गुणनफल को सरल बनाने में होता है।

🧠 माइंडमैप – बीजीय व्यंजक (Algebraic Expressions)

📐 अध्याय 8 – संपूर्ण सारांश
📖 बीजीय व्यंजक
चर (Variables) अचर (Constants) पद (Terms) 2x, x+5, y–3
🔢 एकपदीय × एकपदीय
गुणांक × गुणांक चर × चर xᵐ × xⁿ = xᵐ⁺ⁿ 5x × 4y = 20xy
📐 एकपदीय × बहुपदीय
वितरण नियम a(x+y) = ax+ay 2x(4x–3y) = 8x²–6xy
📊 बहुपदीय × बहुपदीय
प्रत्येक पद × प्रत्येक पद (a+b)(c+d) = ac+ad+bc+bd
🔑 सर्वसमिकाएँ
(a+b)² = a²+2ab+b² (a–b)² = a²–2ab+b² (a+b)(a–b) = a²–b² (x+a)(x+b)
💡 अनुप्रयोग
101² = 10201 99² = 9801 303×297 = 89991 सरल गुणन
⚖️ समीकरण vs सर्वसमिका
समीकरण – कुछ मान सर्वसमिका – सभी मान 2x = x+3 x(x+1) = x²+x
🔑 निष्कर्ष
बीजीय व्यंजक – गणित की भाषा गुणा – वितरण नियम सर्वसमिकाएँ – उपयोगी अभ्यास – कुंजी
📐 निष्कर्ष: बीजीय व्यंजक (Algebraic Expressions) – चर, अचर और संक्रियाओं का संयोजन। एकपदीय एवं बहुपदीय व्यंजकों का गुणा वितरण नियम पर आधारित है। सर्वसमिकाएँ (a+b)², (a–b)², (a+b)(a–b) बीजगणित के महत्वपूर्ण उपकरण हैं, जो संख्याओं के गुणनफल को सरल बनाते हैं। समीकरण और सर्वसमिका में अन्तर को समझना आवश्यक है।

🧩 मिलान अभ्यास – अध्याय 8: बीजीय व्यंजक

✅ प्रत्येक row में 6 विकल्प दिखेंगे – सही चुनें और तुरंत परिणाम देखें।

🧠 Practice Quiz – अध्याय 8: बीजीय व्यंजक

🎯 आपकी प्रगति
स्कोर: 0/0

✅ एक बार उत्तर चुनने के बाद बदला नहीं जा सकता।

📝 इस इकाई में हमने सीखा

बीजीय व्यंजक – चर + अचर + संक्रियाएँ
एकपदीय × एकपदीय – गुणांक × गुणांक, चर × चर
समान आधार – xᵐ × xⁿ = xᵐ⁺ⁿ
एकपदीय × बहुपदीय – a(x+y) = ax+ay
बहुपदीय × बहुपदीय – प्रत्येक पद × प्रत्येक पद
(a+b)² = a² + 2ab + b²
(a–b)² = a² – 2ab + b²
(a+b)(a–b) = a² – b²
(x+a)(x+b) = x² + x(a+b) + ab
समीकरण – कुछ मानों के लिए सत्य
सर्वसमिका – सभी मानों के लिए सत्य
अनुप्रयोग – 101², 99², 303×297
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