📐 समान्तर रेखाएँ (Parallel Lines)
जानें कि समान्तर रेखाएँ (Parallel Lines) क्या हैं, एक ही रेखा के समान्तर रेखाएँ परस्पर समान्तर होती हैं, एक ही रेखा पर लम्ब रेखाएँ परस्पर समान्तर होती हैं, तथा रेखाखंडों को बराबर या दिए गए अनुपात में विभाजित करने की रचनाएँ (Constructions)।
📋 Chapter Overview – एक नज़र में
इस अध्याय के सभी महत्वपूर्ण विषय – किसी भी कार्ड पर क्लिक करें और सीधे उस भाग पर पहुँचें।
📖 अध्याय सामग्री (Chapter Content)
समान्तर रेखाएँ (Parallel Lines): एक ही तल में स्थित दो रेखाएँ जो कभी भी एक दूसरे को प्रतिच्छेद (Intersect) नहीं करतीं, समान्तर रेखाएँ कहलाती हैं।
- शर्तें:
- दोनों रेखाएँ एक ही तल (Same Plane) में स्थित हों।
- वे कहीं भी एक दूसरे को न काटें।
- प्रतीक: \(l \parallel m\) – रेखा \(l\), रेखा \(m\) के समान्तर है।
- समान्तर रेखाओं के बीच की दूरी: सदैव समान (Constant) होती है।
📖 समान्तर रेखाएँ: एक ही तल में स्थित दो रेखाएँ जो कभी नहीं मिलतीं – \(l \parallel m\)
प्रमाण: एक ही रेखा के समान्तर दो रेखाएँ आपस में भी समान्तर होती हैं।
🔗 गुण: यदि दो रेखाएँ एक ही रेखा के समान्तर हैं, तो वे परस्पर समान्तर होती हैं।
प्रमाण: एक ही रेखा पर लम्ब (Perpendicular) दो रेखाएँ परस्पर समान्तर होती हैं।
⊥ गुण: एक ही रेखा पर लम्ब दो रेखाएँ परस्पर समान्तर होती हैं।
रचना (Construction): पटरी (Ruler) और परकार (Compass) की सहायता से ज्यामितीय आकृतियों का निर्माण।
- समान्तर रेखाओं का उपयोग: रेखाखंडों को बराबर भागों में विभाजित करने के लिए।
- मूल सिद्धांत: यदि दो तिर्यक रेखाएँ समान्तर रेखाओं को काटें, तो उनके अन्तःखंड (Intercepts) समानुपाती होते हैं।
📐 रचना: पटरी और परकार से ज्यामितीय निर्माण – समान्तर रेखाओं का उपयोग।
🔹 रचना विधि (Construction Method):
उदाहरण: 8.2 सेमी लम्बे रेखाखंड को 6 बराबर भागों में विभाजित करें।
रचना चरणों का पालन करें – 6 बराबर भाग अंकित करें, समान्तर रेखाएँ खींचें।
प्रत्येक भाग = 8.2 ÷ 6 = 1.366... सेमी
📏 बराबर भागों में विभाजन: समान्तर रेखाओं का उपयोग करके रेखाखंड को n बराबर भागों में बाँटना।
🔹 रचना विधि (Construction Method):
उदाहरण: 8 सेमी लम्बे रेखाखंड को 3 : 5 के अनुपात में विभाजित करें।
अनुपात 3:5 → कुल भाग = 3 + 5 = 8
किरण पर 8 बराबर भाग अंकित करें, तीसरे बिन्दु से समान्तर रेखा खींचें।
AP : PB = 3 : 5, AP = 3 सेमी, PB = 5 सेमी
⚖️ अनुपात में विभाजन: समान्तर रेखाओं का उपयोग करके रेखाखंड को m : n में बाँटना।
अभ्यास 9(a)
प्रश्न 1: दी हुई रेखा AB से 5 सेमी की दूरी पर AB के समान्तर एक रेखा खींचिए।
हल:
1. रेखा AB खींचें।
2. AB पर कोई बिन्दु P लें। P से AB पर लम्ब PQ = 5 सेमी खींचें।
3. बिन्दु Q से होकर AB के समान्तर एक रेखा CD खींचें।
4. CD, AB से 5 सेमी की दूरी पर है और AB के समान्तर है।
अतः CD अभीष्ट रेखा है।
प्रश्न 2: किसी दी हुई रेखा के, बाहर स्थित बिन्दु से हो कर जाने वाली, एक समान्तर रेखा खींचिए।
हल:
1. रेखा l खींचें और उसके बाहर बिन्दु P लें।
2. P से l पर एक लम्ब PM खींचें।
3. P पर PM पर लम्ब खींचें – यह रेखा l के समान्तर होगी।
अतः P से होकर l के समान्तर रेखा प्राप्त होती है।
प्रश्न 3: पाश्व चित्र में चित्रपूज ABC के आधार BC के समान्तर DE और FG रेखा खंड खींचे गए हैं। (i) कितने समतम्ब हैं? (ii) कितने त्रिभुज हैं?
हल:
चित्र में DE ∥ BC और FG ∥ BC हैं।
(i) समतम्ब (समान्तर चतुर्भुज) – DE और BC के बीच बने चतुर्भुज → 3
(ii) त्रिभुज – कुल 3 (△ADE, △AFG, △ABC)
(i) 3 समतम्ब, (ii) 3 त्रिभुज
अभ्यास 9(b)
प्रश्न 2: पार्श्व चित्र में दो रेखाएँ l और m, जिसे एक तिर्यक रेखा t बिन्दुओं P और Q पर काटती हैं। यदि ∠2 = ∠3 = 90° तो सत्यापित कीजिए कि रेखाएँ l और m परस्पर समान्तर हैं। ∠1 + ∠3 का मान कितना होगा?
हल:
∠2 = 90° और ∠3 = 90° दिया है।
∠2 और ∠3 संगत कोण (Corresponding Angles) हैं जो बराबर हैं।
यदि दो रेखाओं को तिर्यक रेखा काटे और संगत कोण बराबर हों, तो रेखाएँ समान्तर होती हैं।
∠1 + ∠3 = 180° (रैखिक युग्म – Linear Pair)
∠1 + ∠3 = 180°
📝 अभ्यास: सभी प्रश्नों के हल विस्तार से दिए गए हैं।
- समान्तर रेखाएँ: एक ही तल में स्थित दो रेखाएँ जो कभी नहीं मिलतीं – \(l \parallel m\)
- गुण 1: एक ही रेखा के समान्तर दो रेखाएँ परस्पर समान्तर होती हैं।
यदि \(l \parallel m\) और \(l \parallel n\), तो \(m \parallel n\) - गुण 2: एक ही रेखा पर लम्ब दो रेखाएँ परस्पर समान्तर होती हैं।
यदि \(l \perp m\) और \(l \perp n\), तो \(m \parallel n\) - समान्तर रेखाओं के बीच की दूरी: सदैव समान (Constant) होती है।
- रचना – बराबर भागों में विभाजन: समान्तर रेखाओं का उपयोग करके रेखाखंड को n बराबर भागों में बाँटना।
- रचना – अनुपात में विभाजन: समान्तर रेखाओं का उपयोग करके रेखाखंड को m : n में बाँटना।
- संगत कोण (Corresponding Angles): यदि संगत कोण बराबर हों, तो रेखाएँ समान्तर होती हैं।
- एकान्तर कोण (Alternate Angles): यदि एकान्तर कोण बराबर हों, तो रेखाएँ समान्तर होती हैं।
✅ मुख्य बिंदु
समान्तर रेखाएँ – ज्यामिति की महत्वपूर्ण अवधारणा। दो रेखाएँ समान्तर होती हैं यदि वे एक ही तल में हों और कभी न मिलें। एक ही रेखा के समान्तर रेखाएँ परस्पर समान्तर होती हैं; एक ही रेखा पर लम्ब रेखाएँ भी परस्पर समान्तर होती हैं। समान्तर रेखाओं के बीच की दूरी सदैव समान होती है। रचनाओं में समान्तर रेखाओं का उपयोग करके रेखाखंडों को बराबर या दिए गए अनुपात में विभाजित किया जाता है।
🧠 माइंडमैप – समान्तर रेखाएँ
🧩 मिलान अभ्यास – अध्याय 9: समान्तर रेखाएँ
✅ प्रत्येक row में 6 विकल्प दिखेंगे – सही चुनें और तुरंत परिणाम देखें।
🧠 Practice Quiz – अध्याय 9: समान्तर रेखाएँ
✅ एक बार उत्तर चुनने के बाद बदला नहीं जा सकता।